Adityapur: सरायकेला-खरसावां जिले के आदित्यपुर स्थित श्रीनाथ यूनिवर्सिटी में बुधवार को विश्वविद्यालय परिसर में पहला दीक्षांत समारोह भव्य और गरिमामय वातावरण में आयोजित किया गया। इस ऐतिहासिक अवसर पर स्नातक होने वाले छात्र-छात्राओं की शैक्षणिक उपलब्धियों का उत्साहपूर्वक जश्न मनाया गया।
समारोह के दौरान विद्यार्थियों को डिग्री और मेडल प्रदान कर उनके परिश्रम और सफलता को सम्मानित किया गया।दीक्षांत समारोह में झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए, जबकि इचागढ़ की विधायक सविता महतो विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के चांसलर, वाइस-चांसलर, गवर्निंग बॉडी के सदस्य, फैकल्टी, छात्र-छात्राएं तथा बड़ी संख्या में गणमान्य अतिथि मौजूद रहे।
इस अवसर पर राज्यपाल ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए शिक्षा को राष्ट्र निर्माण की आधारशिला बताते हुए युवाओं से ज्ञान के साथ-साथ नैतिक मूल्यों को आत्मसात करने का आह्वान किया। वहीं, विधायक सविता महतो ने छात्रों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए विश्वविद्यालय के प्रयासों की सराहना की।हालांकि, समारोह के दौरान मंच पर प्रोटोकॉल उल्लंघन को लेकर भी चर्चाएं होती रहीं।
आरोप है कि जब महामहिम राज्यपाल छात्र-छात्राओं को मेडल प्रदान कर रहे थे, उस समय मंच पर दो अन्य लोग बैठे हुए थे, जिसे प्रोटोकॉल के विरुद्ध माना जा रहा है।मामले को लेकर मीडिया कर्मियों द्वारा पूछे जाने पर श्रीनाथ यूनिवर्सिटी के कुलपति ने प्रोटोकॉल उल्लंघन के आरोपों से साफ इनकार किया। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम से संबंधित सभी दिशानिर्देश राजभवन से प्राप्त हुए थे और उन्हें इस संबंध में किसी भी तरह की आधिकारिक सूचना नहीं मिली है।
कुलपति ने स्पष्ट किया कि कोरम (प्रोटोकॉल) की अवहेलना जैसी कोई स्थिति उनके संज्ञान में नहीं है।हालांकि, समारोह के समापन के बाद भी इस विषय को लेकर विश्वविद्यालय परिसर में चर्चाओं का दौर जारी रहा। इसके बावजूद, श्रीनाथ यूनिवर्सिटी का पहला दीक्षांत समारोह विद्यार्थियों के लिए यादगार उपलब्धि बनकर सामने आया।