Khunti: झारखंड के खूंटी जिला पुलिस ने बीते 7 जनवरी को जमुवादाग तालाब के पास हुई पड़हा राजा सोमा मुण्डा की सनसनीखेज हत्या की गुत्थी को पूरी तरह सुलझा लिया है। पुलिस ने इस मामले में हत्या के मास्टरमाइंड और दो मुख्य शूटरों समेत कुल 6 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। इस मामले में अब तक कुल 14 आरोपी जेल भेजे जा चुके हैं।
बुधवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में पुलिस ने बताया कि इस हत्याकांड की साजिश जमीन के कारोबार से जुड़े लोगों ने रची थी। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान दानियल सांगा, सुमित सांड, मार्कस सांगा, संदीप खलखो और संतोष सांड के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके पास से हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार और अन्य सामान भी बरामद किए हैं।
14 डिसमिल जमीन और 32 एकड़ का बड़ा विवाद
पुलिस जांच में सामने आया कि मुख्य आरोपी दानियल सांगा का सोमा मुण्डा के साथ पिछले 10-12 वर्षों से 14 डिसमिल जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। दानियल ने जमीन की रजिस्ट्री करा ली थी, लेकिन सोमा मुण्डा उसे वहां निर्माण कार्य करने से रोक रहे थे।
इसके अलावा, विवाद केवल छोटी जमीन तक सीमित नहीं था। दानियल सांगा और अन्य भू-माफिया खूंटी के आसपास बड़े पैमाने पर जमीन की खरीद-बिक्री में शामिल थे। सोमा मुण्डा सीएनटी एक्ट और मुण्डारी खूंटकट्टी नियमों का कड़ाई से पालन करवाते थे, जिससे माफियाओं के अवैध सौदों में बाधा आ रही थी।
हत्या की तात्कालिक वजह
हाल ही में नवंबर-दिसंबर 2025 में जियारप्पा इलाके में करीब 32 एकड़ जमीन पर माफिया कब्जा करने की कोशिश कर रहे थे। सोमा मुण्डा के नेतृत्व में ग्रामसभा ने कड़ा विरोध जताया और वहां माफियाओं द्वारा गाड़े गए शिलापट्ट उखाड़ दिए थे। इसी घटना से नाराज होकर भू-माफियाओं ने उन्हें रास्ते से हटाने की साजिश रची और शूटरों के जरिए इस हत्याकांड को अंजाम दिया।