133 किमी में से 126 किमी ट्रैक तैयार
चक्रधरपुर रेल मंडल के डीआरएम ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल के माध्यम से जानकारी साझा की है कि कुल 133.891 किलोमीटर लंबी इस परियोजना में से 126 किलोमीटर का कार्य सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। शेष बचे महज 7-8 किलोमीटर के काम को युद्ध स्तर पर पूरा किया जा रहा है, जिससे जल्द ही इस पूरी लाइन पर ट्रेनों का परिचालन शुरू हो सकेगा।
जाम और सिग्नल की समस्या होगी खत्म
वर्तमान में खड़गपुर और आदित्यपुर के बीच केवल दो लाइनें होने के कारण मालगाड़ियों और यात्री ट्रेनों का दबाव बहुत अधिक रहता है। अक्सर मालगाड़ियों को रास्ता देने के लिए पैसेंजर ट्रेनों को आउटर या स्टेशनों पर घंटों खड़ा रहना पड़ता है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार तीसरी लाइन शुरू होने से ट्रेनों को सिग्नल पर रुकने की जरूरत नहीं पड़ेगी, जिससे ट्रेनों की पंक्चुअलिटी समयबद्धता में सुधार होगा और औसत रफ्तार में भी इजाफा होगा।
औद्योगिक और आर्थिक विकास को मिलेगी नई उड़ान
यह परियोजना केवल यात्रियों के लिए ही नहीं, बल्कि आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र और जमशेदपुर के व्यापारियों के लिए भी मील का पत्थर साबित होगी।कच्चे माल और तैयार उत्पादों की आवाजाही तेज़ होगी। लाइन क्षमता बढ़ने से इस रूट पर नई पैसेंजर, मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों के संचालन का रास्ता साफ हो जाएगा। खड़गपुर, जमशेदपुर और आदित्यपुर के बीच सीधी और सुगम कनेक्टिविटी से कोल्हान क्षेत्र का आर्थिक परिदृश्य बदल जाएगा।
यात्रियों के लिए बड़ी राहत
रोजाना सफर करने वाले दैनिक यात्रियों के लिए यह किसी वरदान से कम नहीं है। थर्ड लाइन के चालू होने के बाद टाटानगर से खड़गपुर और हावड़ा की ओर जाने वाली ट्रेनों के समय में काफी बचत होगी। रेलवे विशेषज्ञों का मानना है कि यह प्रोजेक्ट दक्षिण-पूर्व रेलवे के नेटवर्क की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी साबित होगा।