Jharkhand News: रामगढ़ के सुप्रसिद्ध सिद्धपीठ रजरप्पा मंदिर परिसर से पुलिस की बर्बरता का एक वीडियो सामने आया है. मां छिन्नमस्तिका के दर्शन करने पहुंचे एक श्रद्धालु युवक के साथ पुलिसकर्मियों ने न केवल अभद्र व्यवहार किया, बल्कि उसके साथ मारपीट भी की. घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर जंगल की आग की तरह फैल गया, जिसके बाद पुलिस महकमे की भारी किरकिरी हुई और लोगों में जबरदस्त आक्रोश देखने को मिला.
परिवार के सामने शर्मनाक व्यवहार
पीड़ित युवक अपने परिवार और पत्नी के साथ पूजा-अर्चना करने मंदिर पहुंचा था. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, किसी बात को लेकर मामूली कहासुनी शुरू हुई थी, लेकिन ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों ने संवेदनशीलता दिखाने के बजाय युवक के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट शुरू कर दी. वायरल वीडियो में साफ दिख रहा है कि युवक की पत्नी बार-बार पुलिसकर्मियों को रोकने की कोशिश कर रही है, लेकिन वे उसे घेरकर पीटते नजर आ रहे हैं.
रामगढ़ एसपी की त्वरित कार्रवाई
मामले की गंभीरता और सार्वजनिक नाराजगी को देखते हुए रामगढ़ के एसपी अजय कुमार ने तत्काल प्रभाव से कड़ा फैसला लिया है. घटना में संलिप्त पाए गए श्याम लाल महतो, राधेश्याम कुजूर, बहादुर उरांव और जॉनसन सुरीन को सस्पेंड कर दिया गया है. एसपी ने स्पष्ट किया है कि वर्दी की आड़ में आम नागरिकों के साथ दुर्व्यवहार कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.
जांच के बाद होगी अगली कार्रवाई
निलंबन के साथ ही विभाग ने इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं. एसपी अजय कुमार ने कहा कि जांच रिपोर्ट आने के बाद दोषियों पर विभागीय कार्रवाई के साथ-साथ अन्य कानूनी कदम भी उठाए जाएंगे. इस घटना ने धार्मिक स्थलों पर तैनात पुलिस बल के व्यवहार और उनके प्रशिक्षण पर एक बार फिर गंभीर सवालिया निशान लगा दिए हैं.