Ranchi News : 14वीं JPSC परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर छात्रों का आंदोलन जारी है। इसी बीच JMM की छात्र इकाई झारखंड छात्र मोर्चा JCM के प्रतिनिधियों के साथ बैठक हुई। बैठक में छात्रों की मांगों और भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।
14वीं JPSC और बैकलॉग परीक्षाएं रद्द करने की मांग
बैठक में 14वीं JPSC परीक्षा के साथ 2023 और 2025 की बैकलॉग परीक्षाओं को भी रद्द करने की मांग रखी गई। छात्रों ने इन परीक्षाओं की निष्पक्ष जांच कराने और भर्ती प्रक्रिया को तय समय सीमा में पूरा करने की मांग की। इसके अलावा परीक्षा और रिजल्ट के लिए स्पष्ट एवं निर्धारित कैलेंडर जारी करने की बात भी रखी गई। छात्रों का कहना है कि पूरी भर्ती प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए, ताकि अभ्यर्थियों के बीच किसी तरह का संदेह न रहे।
पेपर लीक और नियुक्ति नियमों से जुड़े मामलों का भी उठा मुद्दा
JCM की ओर से कहा गया कि राज्य सरकार के पास पूरे मामले की जांच कराने का अधिकार है और सरकार इस मुद्दे को गंभीरता से देख रही है। बैठक में बताया गया कि पेपर लीक और नियुक्ति नियमों से जुड़े मामलों में अब तक 19 लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। वहीं JSSC CGL को लेकर JCM की ओर से कहा गया कि इस परीक्षा के माध्यम से नियुक्तियां हो चुकी हैं और मामला हाईकोर्ट में विचाराधीन है। ऐसे में इस मामले में सीधे हस्तक्षेप करना संभव नहीं है।
सरकार से सकारात्मक पहल की उम्मीद
JCM प्रतिनिधियों ने कहा कि पूरे मामले का राजनीतिक इस्तेमाल नहीं किया जाएगा। साथ ही मेधावी छात्रों के साथ न्याय करने का भरोसा दिलाया गया। आंदोलन कर रहे छात्रों से बातचीत जारी रखने और धरना समाप्त करने की अपील भी की गई।
बैठक में JCM प्रतिनिधि ने यह भी कहा कि JPSC की स्थापना से लेकर 13वीं JPSC तक किसी JMM नेता या कार्यकर्ता के परिवार के सदस्य की नियुक्ति नहीं हुई है। बैठक के बाद छात्रों की मांगों पर सरकार की ओर से सकारात्मक पहल की उम्मीद जताई गई। फिलहाल छात्रों की प्रमुख मांग 14वीं JPSC समेत संदिग्ध परीक्षाओं को रद्द कर निष्पक्ष जांच कराने की है। दूसरी ओर सरकार बातचीत के जरिए विवाद का समाधान निकालने की कोशिश कर रही है।