जानकारी के अनुसार, साइंटिस्ट की महिला से मैट्रिमोनियल साइट पर पहचान
जानकारी के अनुसार, साइंटिस्ट की महिला से मैट्रिमोनियल साइट पर पहचान हुई। महिला ने बताया कि वह नीदरलैंड में रहती है और शादी तभी करेगी जब दोनों अपने भविष्य के लिए निवेश करेंगे। साइंटिस्ट ने महिला की बातों में आकर धीरे-धीरे उसके बताए गए बैंक खाते में पैसे ट्रांसफर करना शुरू किया, और कुछ महीनों में कुल 44 लाख रुपए ट्रांसफर कर दिए।
पैसे ट्रांसफर होने के बाद महिला का मोबाइल नंबर बंद
पैसे ट्रांसफर होने के बाद महिला का मोबाइल नंबर बंद हो गया। कई प्रयासों के बावजूद यह पता नहीं चल सका कि महिला कहां से संपर्क कर रही थी। इसके बाद साइंटिस्ट ने साइबर थाना में एफआईआर दर्ज कराई, और पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
मामले नेशनल साइबर रिपोर्टिंग पोर्टल पर
साल 2025 के सितंबर तक झारखंड में साइबर ठगी के 15,081 मामले नेशनल साइबर रिपोर्टिंग पोर्टल पर दर्ज हुए हैं, जिसमें कुल 142 करोड़ रुपये की ठगी हो चुकी है। पुलिस ने अब तक 1.20 करोड़ रुपए वापस कराए और 2.44 करोड़ रुपए फ्रीज किए हैं।
साइबर एक्सपर्ट सौरभ कुमार के अनुसार
साइबर एक्सपर्ट सौरभ कुमार के अनुसार, पढ़े-लिखे लोग साइबर ठगी के ज्यादा शिकार हो रहे हैं। अपराधियों को विशेष रूप से लोगों को झांसे में लेने की ट्रेनिंग दी जाती है, जिससे भरोसेमंद और शिक्षित लोग भी आसानी से ठगी का शिकार बन जाते हैं।
लोगो से अपील
ऑनलाइन शादी-झांसे में आकर धोखा न खाएं अगर कोई मैट्रिमोनियल/सोशल प्रोफाइल से आपसे रिश्ता जोड़े और पैसा-निवेश या एडवांस माँगे उसके तुरंत रोकें। ऐसे मामलों में रिपोर्ट दर्ज कराएँ, पुलिस और रांची साइबर थाना या नेशनल साइबर रिपोर्टिंग पोर्टल पर किसी को पैसे मत भेजें - पहले सत्यापित करें उसके बाद आगे की कार्रवाई करे