Jharkhand: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शनिवार को बिना किसी सुरक्षा काफिले और पूर्व सूचना के रांची शहर का औचक निरीक्षण कर प्रशासन को चौंका दिया। मुख्यमंत्री ने शहर के अलग-अलग इलाकों में पहुंचकर व्यवस्थाओं की जमीनी हकीकत खुद देखी और आम लोगों की रोजमर्रा की परेशानियों को नज़दीक से समझा।
बेहतर बनाने के लिए त्वरित और प्रभावी कदम उठाए
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने यातायात व्यवस्था, पैदल यात्रियों के लिए सुविधाएं, साफ़-सफाई की स्थिति, सार्वजनिक स्थलों की हालत और नागरिक सुविधाओं का बारीकी से अवलोकन किया। मौके पर मौजूद अधिकारियों को उन्होंने निर्देश दिया कि शहरवासियों के आवागमन और Ease of Living को बेहतर बनाने के लिए त्वरित और प्रभावी कदम उठाए जाएं।
नागरिक को इसका वास्तविक लाभ मिल सके
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि रांची को सुरक्षित, समावेशी और खुशहाल शहर के रूप में विकसित करना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि योजनाओं की सफलता सिर्फ काग़ज़ों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि उसका असर ज़मीन पर साफ़ दिखना चाहिए, ताकि हर वर्ग के नागरिक को इसका वास्तविक लाभ मिल सके।
मंजूनाथ भजंत्री और नगर आयुक्त सुशांत गौरव भी मौजूद
उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि शहर विकास से जुड़े सभी कार्यों में आम लोगों की जरूरतों और सुझावों को प्राथमिकता दी जाए। मुख्यमंत्री के अनुसार, तभी रांची रहने, चलने और काम करने के लिहाज़ से एक बेहतर और सुविधाजनक शहर बन सकेगा। औचक निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री के साथ उपायुक्त रांची मंजूनाथ भजंत्री और नगर आयुक्त सुशांत गौरव भी मौजूद रहे।